गोपेश्वर (चमोली)। दूसरी बार जिला सहकारी बैंक चमोली-रुद्रप्रयाग के अध्यक्ष चुने जाने के बाद गृह क्षेत्र निजमुला-सप्तकुंड घाटी पहुंचे गजेंद्र सिंह रावत का ग्रामीणों ने ढोल-नगाड़ों के साथ जोरदार स्वागत किया। व्यारा गांव में आयोजित स्वागत कार्यक्रम में ग्रामीणों ने सहकारिता के जरिए गांवों की अर्थव्यवस्था मजबूत करने और विकसित भारत-2047 के संकल्प को आगे बढ़ाने की बात कही।
रावत ने कहा कि सहकारिता को गांवों के आर्थिक विकास का मजबूत आधार बनाया जाएगा। अधिक से अधिक ग्रामीणों को सहकारी समितियों से जोड़ने के साथ महिलाओं और युवाओं पर विशेष फोकस रहेगा। बैंक की ऋण योजनाओं को जरूरतमंदों तक पहुंचाकर युवाओं को गांव में ही स्वरोजगार और व्यवसाय शुरू करने के अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पहाड़ के गांवों में स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाना जरूरी है। सहकारी संस्थाओं को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की जरूरतों से जोड़कर युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है। इससे गांवों से होने वाले पलायन को रोकने में भी मदद मिलेगी।
भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष रघुबीर सिंह बिष्ट ने कहा कि गजेंद्र रावत के लगातार दूसरी बार बैंक अध्यक्ष बनने से क्षेत्र में उत्साह है। सहकारिता को आर्थिक मजबूती का माध्यम बनाकर युवाओं, महिलाओं और ग्रामीणों को स्वरोजगार से जोड़ा जा सकता है। ग्राम प्रधान व्यारा राजेंद्र सिंह फरस्वाण की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष लक्ष्मण खत्री, पूर्व जिला अध्यक्ष प्रधान संगठन मोहन नेगी, सुरेंद्र गड़िया, भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र फर्स्वाण, पूर्व प्रधान बृज कुमार, ग्राम प्रधान मोली भगत सिंह, पूर्व जिला पंचायत सदस्य दीपा राणा, क्षेत्र पंचायत सदस्य संगीता देवी समेत बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।

