पोषण माह में 7308 गतिविधियां, 4661 घरों तक पहुंचीं आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां

  • 588 किशोरियों की हीमोग्लोबिन जांच, 189 माताओं के आवेदन लिए

गोपेश्वर (चमोली)। चमोली में पोषण माह के दौरान जिले के 1,078 आंगनबाड़ी केंद्रों के जरिए पोषण, स्वास्थ्य और स्वच्छता को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान में पोषण डैशबोर्ड पर 7,308 गतिविधियां दर्ज की गईं, जबकि 2,359 सामुदायिक आधारित गतिविधियां आयोजित हुईं। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने घर-घर जाकर 4,661 होम विजिट कीं।

गुरुवार को जिलाधिकारी कार्यालय परिसर में पोषण माह का समापन हुआ। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अभियान के दौरान गर्भवती व धात्री महिलाओं, किशोरियों, बच्चों और आमजन को संतुलित आहार, पर्याप्त पोषण और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत प्रथम प्रसव के 139 और द्वितीय प्रसव के 50 लाभार्थियों के आवेदन लिए गए, जबकि 56 लाभार्थियों की एनपीसीआई मैपिंग की गई। जिले के 11 इंटर कॉलेजों में 588 किशोरियों के हीमोग्लोबिन की जांच की गई। आहार विविधता और पर्याप्त प्रोटीन पर केंद्रित अभियान में पोषण मटका, दादी अम्मा की रसोई, स्वास्थ्य जांच शिविर, गोद भराई, अन्नप्राशन और सुपोषण दिवस जैसी गतिविधियां हुईं। बच्चों के वजन व स्वास्थ्य की जांच कर कुपोषित और अति कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर आवश्यक सेवाओं से जोड़ा गया।

अभियान में ग्राम प्रधानों, वार्ड सदस्यों और अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ आशा, एएनएम समेत विभिन्न विभागों के कार्मिकों ने भी सहभागिता की। समापन पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों, ब्लॉक कोऑर्डिनेटरों, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों, सहायिकाओं और सुपरवाइजरों को सम्मानित किया गया। 20 बालिकाओं को स्वच्छता किट भी दी गई।

इस दौरान सीएमओ डॉ. राजीव सिंह पाल, जिला समन्वयक विनोद पुंडीर, जिला कार्यक्रम सहायक दिव्या रावत, मिशन शक्ति डीएमसी जगदीश पुरोहित समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

 

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

उत्तराखंड में संस्कृत को मिलेगी नई उड़ान, मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने पर्यटन से जोड़ने का खींचा खाका

Sat Oct 10 , 2026
संस्कृत को पर्यटन से जोड़ने की तैयारी, मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने बनाया विस्तार का खाका आदर्श संस्कृत ग्रामों को तीर्थस्थलों से जोड़ने पर जोर, डिजिटल मॉड्यूल, मोबाइल ऐप और सोशल मीडिया से जन-जन तक पहुंचेगी संस्कृत देहरादून। उत्तराखंड में संस्कृत को केवल शैक्षणिक और धार्मिक गतिविधियों तक सीमित रखने […]

You May Like

Breaking News

Share
error: Content is protected !!